गोरखपुर: उत्तर प्रदेश एसटीएफ (गोरखपुर यूनिट) और झारखंड पुलिस ने शुक्रवार को एक संयुक्त कार्रवाई में कुख्यात अपराधी अनुज कन्नौजिया को मुठभेड़ में मार गिराया। अनुज कन्नौजिया, जो मुख्तार अंसारी गैंग का एक प्रमुख शूटर था, पर 2.5 लाख रुपये का इनाम घोषित था। उसकी हत्या, लूट, रंगदारी और अन्य गंभीर अपराधों में संलिप्तता के कारण वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था।
मुठभेड़ की घटनाक्रम
पुलिस सूत्रों के अनुसार, एसटीएफ को अनुज कन्नौजिया की तलाश लंबे समय से थी, क्योंकि वह कई संगीन अपराधों में वांछित था। शुक्रवार को पुलिस ने उसे गिरफ्तार करने के लिए विशेष अभियान चलाया, जिसे एसटीएफ और झारखंड पुलिस की टीम ने मिलकर अंजाम दिया।
पुलिस द्वारा घेरे जाने पर अनुज कन्नौजिया ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। इस मुठभेड़ में अनुज कन्नौजिया ढेर हो गया। पुलिस द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई ने उसे न केवल मार गिराया, बल्कि एसटीएफ के लिए एक बड़ी सफलता भी साबित हुई।
जुड़ी हुई जानकारी
अनुज कन्नौजिया पर कई गंभीर आरोप थे, जिनमें हत्या, लूट और रंगदारी के मामले शामिल थे। वह मुख्तार अंसारी गैंग का एक शार्प शूटर था और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में उसकी आतंकित गतिविधियों के कारण उसे ‘वांछित अपराधी’ घोषित किया गया था। उसके खिलाफ कई केस दर्ज थे और पुलिस उसे लगातार ढूंढ रही थी।
झारखंड पुलिस और उत्तर प्रदेश एसटीएफ की संयुक्त टीम ने एक रणनीतिक ऑपरेशन चलाया था, जो आखिरकार सफल रहा। इस ऑपरेशन में अनुज के साथ कुछ अन्य अपराधी भी शामिल हो सकते थे, लेकिन पुलिस ने यह कार्रवाई पूरी सतर्कता के साथ की थी।
पुलिस की प्रतिक्रिया
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों का हिस्सा है। उनका कहना था कि अनुज कन्नौजिया जैसे कुख्यात अपराधियों का पीछा करते हुए पुलिस उन्हें पकड़ने में सफल रही है, जिससे अपराधों पर काबू पाया जा सकेगा।